CM शिवराज सिंह ने किया ऐलान मंदसौर में मासूम के साथ हुई रेप मे आरोपी को होगी फांसी की सजा!!!!

मध्य प्रदेश के मंदसौर में मासूम के साथ हुई रेप मे होगी सभी आरोपी को फांसी की सजा!!!!

Video Source: News Tak
मीडिया के अनुसार, कुछ दिन पहले मध्य प्रदेश के मंदसौर में एक छोटी से बच्ची के साथ हुई रेप की घटना के बाद प्रदेश के मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सभी आरोपी को मौत की सजा दिलाने की बात कही है। कुछ दिन पहले मंदसौर में एक सात साल की बच्‍ची के साथ कुछ मुस्लमान लड़को द्वारा किडनैप और गैंग रेप की घटना के बाद से प्रदेश में माहौल काफी तनाव पूर्ण है। आप को बता दे की गुरुवार को मध्य प्रदेश के लोगों ने सभी आरोपी को फांसी देने की मांग करते हुए प्रदेश बंद का ऐलान किया और बच्ची के साथ किडनैप और गैंग रेप जैसे दुष्कर्म करने वाले सभी आरोपी को पुलिस ने बुधवार रात गिरफ्तार भी कर लिया था।

और जानने के लिए : BREAKING NEWS

मीडिया के अनुसार, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि सभी आरोपी को जल्द से जल्द मौत की सजा मिले, इसके लिए हमारी सरकार हर संभव प्रयास करेगी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि ये घटना दरिंदगी की सारी इंतेहां को पार करने वाली है और हमारी सरकार सभी आरोपियों को जल्द से जल्द फांसी दिलाने की कोशिश करेगी। आप को बता दे की मंदसौर के बार एसोसिएशन ने सभी आरोपी की पैरवी नहीं करने का भी फैसला लिया है और एसोसिएशन ने कहा इस बच्ची के पक्ष में हमारे 100 वकील नि:शुल्क उसकी पैरवी करेंगे।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस मासूम के शरीर पर जगह-जगह गहरे दांत के निशान मिले हैं और बच्‍ची के शरीर पर घाव इतने गहरे हैं कि डॉक्टरों को नेसोगेस्ट्रिक ट्यूब लगानी पड़ी। एक रिपोर्ट के अनुसार, डॉक्टरों को बच्‍ची का दो बार ऑपरेशन करना पड़ा है और उसके आंतों को काटकर बाहर एक रास्ता बनाकर प्राइवेट पार्ट्स को ऑपरेट किया गया है। डॉक्टरों ने बताया की इस मासूम के साथ हैवानियत की सभी हदें पार कर उसके नाजुक अंगों को बुरी तरह से क्षतिग्रस्त किया गया है। डॉक्टरों ने कहा की गहरी चोटों की वजह से मासूम का दो बार सर्जरी करनी पड़ी है और मासूम की गर्दन पर एक गहरा घाव है बताया जा रहा है की जिसे आरोपी इरफान ने चाकू से काट कर मासूम की हत्या करने की नियत से किया था।

Loading…

आज देश उन लोगो से सवाल पूछना चाहता है की जो लोग कठुआ के केस मे कैंडल मार्च और जगह जगह पे प्रदर्शन कर रहे हे वो लोग आज कहा गायब हो गए है। फ़िल्मी जगत के वो लोग जो बोर्ड ले के फोटो सोशल मीडिया पे छाए थे वो लोग कहा चले गए और वो मीडिया कहा मर गयी जो कठुआ केस मे बड़ी जल्दी दिखा रही थी। क्या ये लोग धर्म को देख के उसका विरोध करते है या इनके विचार भी ऐसे दरिंदगो के जैसे है जो धर्म देख के काम करते है। आज जुमरे देह के लोगो को समझना होगा की वो कैसे लोगो के साथ है? क्या वो ऐसे लोगो के साथ है जो धार देख के काम करते है या उन लोगो के जो देश की बात करते है। जय हिन्द।

जानिए कुछ ख़ास बाते उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ के बारे मैं….

जानिए कुछ ख़ास बाते उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ के बारे मैं!!!!

योगी आदित्यनाथ जिनका असली नाम अजय सिंह है, और इनका जन्म 5 जून 1972 (आयु 44 वर्ष) गढ़वाल, उत्तराखण्ड मैं हुआ था, योगी आदित्यनाथ गोरखनाथ मंदिर के पूर्व महन्त बाबा अवैद्यनाथ के उत्तराधिकारी हैं और वह हिन्दू युवा वाहिनी के संस्थापक भी हैं, योगी जी ने अप्रैल 2002 में हिन्दु युवा वाहिनी बनायी जिसके कार्यकर्ता पूरे देश मे हिन्दु धर्म विरोधी कार्यो को रोकने का काम कर रहे है। जो कि हिन्दू युवाओं का सामाजिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रवादी समूह है जो हर एक समूह को मदद करता है। हिन्दू युवा वाहिनी की एक अछी छवि पुरे उत्तर प्रदेश मैं लेकिन दूसरी पार्टिया हमेशा से हिन्दू युवा वाहिनी के विरोध मैं रहती है।

Loading…

योगी आदित्यनाथ बारहवीं लोक सभा (1998-99) के सबसे युवा सांसद रह चुके है। उस समय उनकी उम्र महज 26 वर्ष थी। योगी आदित्यनाथ जी ने गढ़वाल विश्विद्यालय से गणित से बी.एस.सी किया है और उन्होंने धर्मांतरण (जैसे निम्न वर्ग हिंदुओं को ईसाई बनाना), लव जिहाद और गौ वध रोकने की दिशा में सार्थक कार्य किये हैं। योगी आदित्यनाथ जी गोरखपुर से लगातार 5 बार से सांसद हैं और वो पुरे उत्तर प्रदेश मैं खास अच्छा प्रभाव रखते है।

योगी आदित्यनाथ के भारतीय जनता पार्टी के साथ रिश्ता एक दशक से पुराना है। इससे पहले उनके पूर्वाधिकारी तथा गोरखनाथ मठ के पूर्व महन्त, महन्त अवैद्यनाथ भी भारतीय जनता पार्टी से 1991 तथा 1996 का लोकसभा चुनाव जीत चुके हैं। योगी आदित्यनाथ ने सबसे पहले 1998 में गोरखपुर से चुनाव भाजपा प्रत्याशी के तौर पर लड़े और तब उन्होंने बहुत ही कम अंतर लगभग १५००० वोट से जीत दर्ज की। लेकिन उसके बाद हर चुनाव में उनका जीत का अंतर बढ़ता गया और वे 1999, 2004, 2009 व 2014 में बहुत बड़े अंतर से सांसद चुने गए।

योगी आदित्यनाथ जी बहुत महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके है –
१) 1998: योगी आदित्यनाथ जी ने 26 साल की उम्र मैं 12 वीं लोकसभा के सदस्य बने।
२) 1998-99 में योगी आदित्यनाथ जी को समिति पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति, सार्वजनिक वितरण और इसके उप-समिति-बी पर विभाग का चीनी और खाद्य तेल; सदस्य, परामर्शदात्री समिति, गृह मंत्रालय के सदस्य बने।   ३)1999: योगी आदित्यनाथ जी 13 लोक सभा (2 पद) मैं  पुनः चुने गए और सदस्य, समिति पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति और सार्वजनिक वितरण; सदस्य, परामर्शदात्री समिति, गृह मंत्रालय के सदस्य बने।

Loading…

४) 2004: योगी आदित्यनाथ जी 14 वीं लोकसभा (3 पद) मैं  पुनः चुने गए और सरकारी आश्वासन; पर समिति के लिए पुन: निर्वाचित सदस्य, विदेश मामलों पर समिति; सदस्य, परामर्शदात्री समिति, गृह मंत्रालय के सदस्य बने।
५) 2009: योगी आदित्यनाथ जी15 वीं लोकसभा के लिए (4 पद) मैं  पुनः चुने गए और निर्वाचित सदस्य, परिवहन, पर्यटन और संस्कृति के सदस्य बने।
६) 2014 पर समिति: योगी आदित्यनाथ जी 16 वीं लोकसभा (5 पद) गोरखपुर निर्वाचन क्षेत्र से पुनः चुने गए।

विवाद –
योगी आदित्यनाथ को कई मामलो के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। 7 सितम्बर 2008 को योगी आदित्यनाथ पे आजमगढ़ में जानलेवा हिंसक हमला हुआ था। इस हमले में वे बाल-बाल बचे थे। यह हमला इतना बड़ा था की सौ से अधिक वाहनों को हमलावरों ने घेर लिया और उनके समर्थको को लहुलुहान कर दिया। साल २००7 मैं जब गोरखपुर मैं सबसे बड़े दंगा हुआ जिसकी वजह से वह पे करीब २६ दिनों के लिए करफ़्यू लगा दिया गया था, उस दौरान योगी आदित्यनाथ को गिरफ्तार किया गया था। लेकिन ये दंगा होने की वजह योगी आदित्यनाथ ने नहीं थे, ये दंगा होने की वजह मुस्लिम त्यौहार मोहर्रम के जुलुस के दौरान फायरिंग में एक हिन्दू युवा की जान चली गयी थी, और वो फायरिंग एक शादी समहारोह के दौरान चली थी और उसी वक़्त वह से मोहर्रम का जुलुस जा रह था और उस फायरिंग की वजह से दोनों गुटों मैं दंगे स्टार्ट हो गए और एक हिन्दू युवा की जान चली गयी थी। जब ये बात योगी आदित्यनाथ को पता चली उसके बाद वो वह पे अपने समर्थकों के साथ पहुच गए लेकिन अधिकारियों ने योगी को उस जगह जाने से मना कर दिया परन्तु आदित्यनाथ उस जगह पर जाने को अड़ गए। उसके बाद अधिकारियों ने योगी आदित्यनाथ को सीआरपीसी की धारा 151A, 146, 147, 279, 506 के तहत जेल भेज दिया गया। यह दंगे पूर्वी उत्तर प्रदेश के छह जिलों और तीन मंडलों में बहुत तेजी से फ़ैल गए थे। उनकी गिरफ़्तारी के अगले दिन जिलाधिकारी हरि ओम और पुलिस प्रमुख राजा श्रीवास्तव का तबादला केर दिया गया था।

2015 में योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जो लोग योग का विरोध करते है उन्हें भारत छोड़ कर जा सकते हैं और किसी समंदर मैं डूब जाना चाहिए। 3 जनवरी 2016, पठानकोट भारतीय वायु सेना पर पाकिस्तानी आतंकवादियों द्वारा आतंकवादी हमले के बाद एक दिन योगी आदित्यनाथ ने कहा, ‘पठानकोट पर हमला एक बार फिर साबित कर दिया कि शैतान बेहतर के लिए बदल सकता है, लेकिन पाकिस्तान कभी नहीं बदल सकता।

Source: Images Images Images

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *